संभवतः धनाढ्य सेठो को पर्यावरण संरक्षण का महत्व ही नहीं मालूम

नीमच। एक और कोरोना काल में ऑक्सीजन की कमी से सारा देश झूज रहा था और ऑक्सीजन न मिलने से लाखो लोग असमय काल के आगोश में चले गए, फिर भी धनाढ्य संपन्न लोगो को पर्यावरण की महत्ता समझ में नहीं आई और जो पर्यावरण प्रेमी प्रतिदिन निस्वार्थ भाव से अपना खून पसीना बहाकर जल जंगल जमीन का संरक्षण कर पर्यावरण को संरक्षित कर रहे है उनकी मेहनत को यही धनाढ्य संपन्न लोग अपने अहम् के चलते पलीता लगाने पर तुले है और संरक्षित स्थानों पर प्रतिदिन न्यूसेंस पैदा कर पर्यावरण को क्षति पहुँचाने का कार्य कर रहे है और इसकी शिकायत नपा के जिम्मेदार अधिकारियो और नपा अध्यक्ष को करने के बाद बह इकाई कार्यवाही न होना स्वतः ही प्रमाणित करता है कि नपा धन्ना सेठों के आगे नतमस्तक है और उनके खिलाफ कोई भी कार्यवाही करने से घबराती है की कही कुर्सी न चली जावे। उक्त आरोप लगाते हुए संकल्प पर्यावरण मित्र संस्था के संरक्षक ई नवीन कुमार अग्रवाल ने जानकारी में बताया कि हम सभी सदस्य गण 2015 से निरंतर गांधी नगर और जवाहर नगर स्मृति वन में पौधरोपण कर अभी तक लगभग 800 वृक्ष बना चुके है लेकिन उक्त स्थानों पर कतिपय धन्ना सेठो को यह कार्य अनुचित लग रहा है और दोनों स्मृति वन में जो पोल लगाकर वायर फेंसिंग कर रखी है उसे ट्रेक्टर लगाकर क्षतिग्रस्त कर रहे है साथ ही कई बार मना करने पर भी वर्कशॉप से निकला कचरा पौधों के किनारे ही जला देते है जिसकी शिकायत कई बार नपा को की लेकिन उच्च राजनीतिक संरक्षण के चलते आज तक कोई प्रभावी कार्यवाही नहीं हुई है जिससे सभी प्रयार्वरण प्रेमियों में आक्रोश है। हीरो होंडा के संचालक ने तो बिना नपा की अनुमति के वायर फेंसिंग काट कर फाटक लगा ली थी जिसकी शिकायत पुलिस प्रशासन को भी की थी लेकिन उस पर कोई प्रभावी कार्यवाही नहीं हुई जिससे लगता है की नपा के साथ ही सभी जनप्रतिनिधि भी इनके आगे नतमस्तक है। एक और तो आम आदमी के कचरा जलने पर 5000 रूपये का जुर्माना है दूसरी और धन्ना सेठों पर शुन्य, क्या यही नपा की ईमानदारी है। सदस्यों ने बताया कि अभी जिला परियोजना अधिकारी श्री चन्द्रसिंह धार्वे ने भी उक्त समस्या के निराकरण के निर्देश दिए थे लेकिन अभी तक उस पर भी कोई कार्यवाही नपा ने नहीं की है साथ ही श्रीमान कलेक्टर महोदय ने भी मीटिंग में निर्देश दिये थे कि शहर में अस्थाई अतिक्रमण हटाया जावे लेकिन अभी तक उक्त धन्ना सेठो पर कार्यवाही न होना नपा पर सवालिया निशान खड़ा करती है। संस्था के सदस्यों ने कहा की क्या हम रात दिन पर्यावरण को संरक्षित करने के लिए इसीलिए कार्य करते है कि कोई भी उन्हें आकर सत्ता के नशे में शतिग्रस्त कर दे। हम मांग करते है कि जिला प्रशासन और नपा को इस और ध्यान देकर इस प्रकार की असंवैधानिक गतिविधियों पर तुरंत प्रभावी कार्यवाही करना चाहिए ताकि पर्यावरण संरक्षित हो सके और इस प्रकार का कृत्य करने वाले हतोत्साहित हो सके।